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ISIS आतंकी अबू यूसुफ के घर से बारुद का ज़खीरा और सुसाइट जैकेट बरामद,परिवार समेत गांव में आतंकी रैकेट



उत्तर प्रदेश के बलरामपुर में बड़ी मात्रा में विस्फोटक बरामद हुआ है। इसमें एक्सप्लोसिव जैकेट भी है, जिसे कथित तौर पर फिदायीन हमले के लिए तैयार किया गया था। दिल्ली के धौलाकुआं से गिरफ्तार आईएसआईएस का संदिग्ध आतंकी अबू यूसुफ बलरामपुर का ही रहने वाला है। आतंकी ने खुद ही कबूला था कि उसने सूइसाइड हमले के लिए बेल्ट भी तैयार कर रखी है। पुलिस और एटीएस उसके ठिकानों पर छापेमारी कर रही है।

दिल्ली में गिरफ्तार आतंकवादी अबू यूसुफ ने कल ही बताया था कि हमले की योजना में सफल होने पर वह सूइसाइड बॉम्बर बनता। उसकी योजना आगे फिदायीन हमला करने की भी थी। और आज उसके दावे का प्रमाण भी मिल गया। उसने कहा था कि बेल्ट बनाया हुआ है। दिल्ली के धौला कुआं इलाके से दबोचा गया अबू यूसुफ उत्तर प्रदेश के बलरामपुर जिले के उतरौला थाना क्षेत्र के बढ़या भैंसाही गांव का रहने वाला है। परिवार में उसकी पत्नी और चार बच्चे हैं। गांव मे इसकी कॉस्मेटिक की एक दुकान है।


मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार पुलिस ने आतंकी के घर की खुदाई करके छानबीन की। पूरे गांव को सील कर दिया गया। संदिग्ध के परिजन से लेकर रिश्तेदारों और पड़ोसियों से भी पूछताछ की गई। यह भी पता लगा कि आतंकी का असली नाम अबू यूसुफ नहीं, बल्कि मुस्तकीम है। उसने पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों को गुमराह करने के लिए खुद का नाम अबू यूसुफ बताया था।

आत्मघाती हमले के लिए बेल्ट तैयार थी


पुलिस पूछताछ में अबू यूसुफ ने कबूल किया कि उसने आत्मघाती हमले के लिए शरीर में विस्फोटकों को बांधने वाला बेल्ट भी तैयार कर रखा है। यह जानकारी दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल के डीएसपी ने मीडिया को दी। उन्होंने बताया था कि अबू यूसुफ दिल्ली के किसी बेहद भीड़भाड़ वाले इलाके में बड़ा धमाका करना चाहता था। यह सोशल मीडिया के जरिए आईएसआईएस हैंडलरों के संपर्क में आया था और 2010 से पहले सऊदी अरब काम करने के लिए गया था।


दो प्रेशर कुकर बम, पिस्टल, कार्टेज और बाइक बरामद


पुलिस के मुताबिक, 36 साल के इस आतंकवादी के पास से दो आईईडी बेस्ड प्रेशर कुकर बम, एक सॉफिस्टिकेटड पिस्टल, चार कार्टेज, एक मोटरसाइकल मिली जो चोरी की हो सकती है। डीएसी ने कहा, 'उसने खुद ही आईईडी तैयार करना सीख लिया था। उसने दिसंबर के आसपास आईडी बना लिया था और अपने गांव के कब्रिस्तान के पास छोटे स्तर पर टेस्ट भी किया था। उसके पास से मिली आईईडी भी उसी ने बनाई या किसी दूसरे ने, इसका पता लगाया जा रहा है।



पुलिस ने अबु यूसुफ के पिता सहित तीन रिश्तेदारों से पूछताछ की है। गांव में उससे करीब एक घंटे तक पूछताछ की गई। इसके बाद दिल्ली पुलिस की टीम और बलरामपुर पुलिस की टीम ने उतरौला के गोंडा मोड़ पर उसके घर पर छापेमारी की। यहां से उसके पिता समेत तीन लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। उनसे उतरौला कोतवाली में पूछताछ की जा रही है।


यूसुफ के घर से उसके पिता और भतीजे फारूक को और घर के एक अन्य सदस्य वसीम को गोंडा उतरौला रोड पर ईदगाह के पास मोहल्ले से हिरासत में लिया गया । बलरामपुर व दिल्ली में आतंकी के पास से आईईडी भी बरामद किया गया है। माना जा रहा है कि यहां पर पुलिस और अन्य आला अधिकारियों के पहुंचने से पहले उसके परिजनों या अन्य ग्रामीणों ने कुछ डॉक्यूमेंट और विस्फोटक को तालाब में फेंक दिया गया था, जिसे तालाब से निकलवाया जा रहा है।


चार संदिग्धों से पूछताछ

उत्तर प्रदेश एटीएस की अबु यूसुफ के मामले में पड़ताल में लगी है। अबु यूसुफ से काफी देर तक पूछताछ के बाद यूपी एटीएस ने देर रात उतरौला से चार संदिग्धों को हिरासत में लिया है। इनके साथ ही उतरौला कोतवाली में अबु यूसुफ से पूछताछ जारी है। एक संदिग्ध को यूपी एटीएस उतरौला कोतवाली से आतंकी युसूफ के गांव ले गई।



विस्फोटकों की नेपाल से तस्करी


बलरामपुर जिले की सीमा नेपाल से लगती है। यहां से तस्करी का काफी सामान बार्डर के आर पार होता है। इस बात की भी गुंजाइश है कि बलरामपुर नेपाल बार्डर से अबु यूसुफ को बारुद और पैसा मिलता रहा हो। इस इलाके में पहले भी कई हवाला कारोबारी पकड़े जा चुके हैं। बलरामपुर जिले से अयोध्या और राजधानी लखनऊ भी ज्यादा दूर नहीं है। लिहाजा इस बात की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता कि आतंकियों ने अपना ऐसा आपरेटिव चुना जो स्थानीय होने के साथ साथ कई जगहों पर मूवमेंट कर सकता था।


टीम स्टेट टुडे