google.com, pub-3470501544538190, DIRECT, f08c47fec0942fa0
 

सीएम योगी का ऐलान - अब निजी कॉलेज में मुफ्त पढ़ेगीं बेटियां, अप्रेंटिसशिप मेले में स्कॉलरशिप मिलेगी



अगर आपकी दो बेटियां किसी निजी कालेज या शिक्षण संस्थान में पढ़ रही हैं तो आपको सिर्फ एक बेटी की फीस ही जमा करनी होगी। दूसरी बेटी की फीस सरकार भरेगी।


मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज ऐसे अभिभावकों को बड़ी राहत दी है जिनकी दो या दो से अधिक बेटियां एक ही स्कूल या कालेज में पढ़ रही हैं।


इसके लिए सरकार पहले निजी शिक्षण संस्थानों को प्रेरित करेगी यदि वह फीस माफ नहीं करेंगे तो इसकी भरपाई सरकार करेगी।


सीएम योगी ने कहा कि बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए सरकारी विद्यालयों में स्नातक तक शिक्षा निश्शुल्क पहले से दी जा रही है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश के 1.51 लाख मेधावी छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति प्रदान करने के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में कहा कि इस वर्ष 30 नवंबर तक हर हाल में सभी को छात्रवृत्ति दे दी जाए।


हर साल दो अक्टूबर व 26 जनवरी को छात्रवृत्ति दी जाती है। विधानसभा चुनाव होने के कारण इस वर्ष 27 दिसंबर को ही छात्रवृत्ति वितरण की योजना थी। अब मुख्यमंत्री ने 30 नवंबर तक सभी को छात्रवृत्ति देने के निर्देश दिए हैं। इस मौके पर राज्यपाल आनंदीबेन पटेल व सीएम योगी ने बटन दबाकर छात्रवृति की रकम खाते में ट्रांसफर की।


सीएम योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्कूलों में मिड डे मील की जगह पोषणयुक्त भोजन की शुरुआत कर रहे हैं। सरकार अब बच्चों के स्वास्थ्य का भी ख्याल रख रही है।


इस मौके पर उप मुख्यमंत्री डा. दिनेश शर्मा, विधान परिषद के सभापति कुंवर मानवेन्द्र प्रताप, समाज कल्याण मंत्री रमापति शास्त्री, अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी, पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री अनिल राजभर, मुख्य सचिव सचिव आरके तिवारी मुख्य रूप से उपस्थित थे।


युवाओं के लिए लगेगा अप्रेंटिसशिप मेला


यूपी की योगी आदित्यनाथ सरकार युवाओं को हुनरमंद बनाने के लिए अप्रेंटिसशिप मेला लगाने जा रही है। चार अक्टूबर को सभी जिलों के नोडल राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में मेला लगेगा। जिलाधिकारी ज्यादा से ज्यादा संख्या में युवाओं को इस कार्यक्रम से जोड़ेगें।


हर महीने युवाओं को 2500 रुपये प्रोत्साहन धनराशि भी मिलेगी। अपर मुख्य सचिव, एमएसएमई व निर्यात प्रोत्साहन विभाग नवनीत सहगल व सचिव, व्यावसायिक शिक्षा एवं कौशल विकास विभाग उप्र आलोक कुमार ने इस संबंध में विस्तृत निर्देश जारी किया है। प्रदेश में लगभग दो लाख उद्योग व एमएसएमई इकाइयां चल रही हैं।


उद्योग व एमएसएमई की ओर से युवाओं को अप्रेंटिस के रूप में रखे जाने पर सरकार 2500 प्रतिमाह प्रोत्साहन धनराशि दे रही है। युवाओं के अप्रेंटिस करने का लाभ उद्योग व एमएसएमई को मिलेगा, क्योंकि उन्हें अपने लिए अधिक से अधिक संख्या में दक्ष कामगार मिलेंगे।


टीम स्टेट टुडे



93 views0 comments
 
google.com, pub-3470501544538190, DIRECT, f08c47fec0942fa0